डॉलर के मुकाबले 96 के पार पहुंचा रुपया, कच्चे तेल की कीमतों ने बढ़ाई चिंता

मुंबई: भारतीय रुपया मंगलवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले कमजोर होकर 96 रुपये प्रति डॉलर के स्तर से नीचे चला गया। कारोबार के दौरान रुपया 96.1450 प्रति डॉलर तक पहुंचा, जो करीब दो महीने का निचला स्तर है।

बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं ने रुपये पर दबाव बढ़ाया है। मंगलवार को ब्रेंट कच्चे तेल की कीमत करीब 1.5 प्रतिशत बढ़कर 107 डॉलर प्रति बैरल के आसपास पहुंच गई। भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए बड़े पैमाने पर कच्चे तेल का आयात करता है, इसलिए तेल की कीमतों में वृद्धि का असर देश के आयात बिल और मुद्रा बाजार पर पड़ सकता है।

रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, सितंबर में अब तक विदेशी निवेशकों ने भारतीय बाजारों से करीब 3.7 अरब डॉलर की निकासी की है, जिससे रुपये पर अतिरिक्त दबाव पड़ा है। इसी दौरान भारतीय शेयर बाजार भी कमजोर रहा और प्रमुख सूचकांक करीब छह महीने के निचले स्तरों के आसपास कारोबार करते दिखाई दिए।

तेल की कीमतों, अमेरिकी बॉन्ड प्रतिफल और वैश्विक भू-राजनीतिक परिस्थितियों पर बाजार की नजर बनी हुई है। आने वाले दिनों में इन कारकों का रुपये और भारतीय वित्तीय बाजारों की दिशा पर असर देखा जा सकता है।